नूंह हिंसा: पुलिस ने कहा कि सोमवार को हथीन पुलिस स्टेशन में आईपीसी की धारा 153-ए (विभिन्न समूहों के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देना) और 505 (सार्वजनिक उत्पात मचाने वाले बयान) समेत अन्य धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई।
अधिकारियों ने कहा कि पुलिस ने 13 अगस्त को हरियाणा के पलवल में ‘सर्व हिंदू समाज महापंचायत’ में कथित रूप से भड़काऊ भाषण देने के लिए अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है।
उन्होंने बताया कि पहली सूचना रिपोर्ट (एफआईआर) प्रोबेशनर सब-इंस्पेक्टर (पीएसआई) सचिन की शिकायत के आधार पर दर्ज की गई थी, जिन्होंने आरोप लगाया था कि कुछ लोगों ने पोंडरी गांव में सभा के दौरान दूसरे समुदाय के लोगों के खिलाफ भड़काऊ भाषण दिए थे।
पुलिस ने कहा कि सोमवार को हथीन पुलिस स्टेशन में आईपीसी की धारा 153-ए (विभिन्न समूहों के बीच दुश्मनी को बढ़ावा देना) और 505 (सार्वजनिक उत्पात मचाने वाले बयान) समेत अन्य धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की गई।
थाना प्रभारी मनोज कुमार ने बुधवार को कहा, “प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।”
हिंदू संगठनों की ‘महापंचायत’ ने 28 अगस्त को नूंह में वीएचपी की ब्रज मंडल यात्रा को फिर से शुरू करने का फैसला किया, जो जुलाई में सांप्रदायिक हिंसा के बाद बाधित हो गई थी। इसने कई मांगें भी कीं, जिनमें 31 जुलाई को नूंह में वीएचपी यात्रा पर हमले की एनआईए जांच और नूंह को गोहत्या-मुक्त जिला घोषित करना शामिल था।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कुछ हिंदू नेताओं ने कहा कि मुस्लिम बहुल जिले नूंह में हिंदुओं को आत्मरक्षा के लिए हथियार लाइसेंस हासिल करने में छूट दी जानी चाहिए।






