झारखंड जमशेदपुर में रामनवमी का पर्व इस वर्ष बड़े ही श्रद्धा, भक्ति और उत्साह के साथ मनाया गया। शहर के विभिन्न क्षेत्रों में भव्य शोभायात्राएं (जुलूस) निकाली गईं, जिसमें हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। पूरे शहर में “जय श्री राम” के नारों से वातावरण गुंजायमान रहा।
रामनवमी के अवसर पर विभिन्न अखाड़ा समितियों द्वारा आकर्षक झांकियां प्रस्तुत की गईं। पारंपरिक अस्त्र-शस्त्र प्रदर्शन, ढोल-नगाड़ों और भक्ति संगीत के साथ जुलूस का आयोजन किया गया, जिसने लोगों को विशेष रूप से आकर्षित किया।
हालांकि, इस दौरान कुछ स्थानों पर मौसम ने भी असर डाला। तेज आंधी और हल्की बारिश के कारण कुछ समय के लिए जुलूस प्रभावित हुआ, लेकिन श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं आई और कार्यक्रम पुनः सुचारु रूप से जारी रहा।
वहीं, इस वर्ष गैस (LPG) की कमी के कारण कई पूजा समितियों को भोग बनाने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा, जिसके चलते कुछ स्थानों पर लकड़ी के चूल्हे का सहारा लेना पड़ा।
रामनवमी को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आया। शहर के संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस बल की तैनाती की गई और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए, जिससे पर्व शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।
कुल मिलाकर, जमशेदपुर में रामनवमी का पर्व आस्था, परंपरा और भाईचारे का प्रतीक बनकर उभरा, जिसमें हर वर्ग के लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।







