जमशेदपुर: रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) द्वारा यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से चलाए जा रहे “ऑपरेशन यात्री सुरक्षा” के तहत टाटानगर रेलवे स्टेशन पर एक महत्वपूर्ण सफलता हासिल हुई है। रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और राजकीय रेलवे पुलिस (GRP) की संयुक्त कार्रवाई में एक मोबाइल चोर को चोरी किए गए मोबाइल फोन के साथ रंगेहाथ गिरफ्तार किया गया।
यह कार्रवाई मंडल सुरक्षा आयुक्त, आरपीएफ, चक्रधरपुर मंडल तथा रेल पुलिस अधीक्षक, जमशेदपुर के मार्गदर्शन में संचालित विशेष अभियान के दौरान की गई। रेलवे स्टेशनों पर लगातार बढ़ाई गई निगरानी और गश्ती के कारण चोरी की इस घटना का त्वरित खुलासा संभव हो सका।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान रितिक कुमार उर्फ गोलू (24 वर्ष) के रूप में हुई है। वह आजाद बस्ती, जेम्को, जमशेदपुर का निवासी बताया गया है। पूछताछ में सामने आया कि आरोपी ने मंगलवार की देर रात टाटानगर रेलवे स्टेशन परिसर में एक यात्री का मोबाइल फोन चोरी कर लिया था। घटना के बाद आरोपी स्टेशन परिसर में ही मौजूद था।
इसी दौरान स्टेशन पर नियमित गश्ती कर रही आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम को आरोपी की गतिविधियां संदिग्ध लगीं। टीम ने उसे रोककर पूछताछ की और तलाशी लेने पर उसके पास से चोरी किया गया मोबाइल फोन बरामद कर लिया। बरामद मोबाइल की पहचान पीड़ित यात्री द्वारा की गई, जिसके बाद आरोपी को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया गया।
पूछताछ के दौरान आरोपी चोरी के संबंध में कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। इसके बाद उसे विधिसम्मत कार्रवाई के लिए रेल थाना, टाटानगर के सुपुर्द कर दिया गया, जहां उसके विरुद्ध संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
यह पूरी कार्रवाई पोस्ट कमांडर, रेलवे सुरक्षा बल, टाटानगर एवं जीआरपी थाना प्रभारी के प्रत्यक्ष पर्यवेक्षण में संपन्न हुई। अभियान का नेतृत्व आरपीएफ के सहायक उपनिरीक्षक (ASI) बलबीर प्रसाद ने किया। उनके नेतृत्व में आरपीएफ एवं जीआरपी की संयुक्त टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर चोरी का मोबाइल बरामद किया।
रेलवे सुरक्षा बल के अधिकारियों ने बताया कि “ऑपरेशन यात्री सुरक्षा” का मुख्य उद्देश्य रेलवे परिसरों, प्लेटफार्मों और ट्रेनों में यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना, चोरी, पॉकेटमारी, लूटपाट तथा अन्य आपराधिक गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाना है। इसके तहत रेलवे स्टेशनों पर नियमित गश्त, संदिग्ध व्यक्तियों की निगरानी, सीसीटीवी कैमरों की सहायता से सतर्क नजर और संयुक्त अभियान लगातार चलाए जा रहे हैं।
आरपीएफ ने यात्रियों से अपील की है कि यात्रा के दौरान अपने मोबाइल फोन, बैग, पर्स एवं अन्य कीमती सामान की सुरक्षा स्वयं भी सुनिश्चित करें। किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या गतिविधि की सूचना तुरंत आरपीएफ हेल्पलाइन 139 या नजदीकी आरपीएफ/जीआरपी कर्मियों को दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
रेलवे सुरक्षा एजेंसियों की इस त्वरित कार्रवाई से न केवल चोरी की घटना का जल्द खुलासा हुआ, बल्कि यात्रियों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विश्वास भी मजबूत हुआ है। आरपीएफ ने स्पष्ट किया है कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और भविष्य में भी रेलवे स्टेशनों एवं ट्रेनों में इस तरह के विशेष अभियान लगातार जारी रहेंगे।






