आंध्रा एसोसिएशन, कदमा का शताब्दी वर्ष समारोह शुरू, भव्य कार्यक्रमों की श्रृंखला आयोजित
जमशेदपुर : शहर की प्रतिष्ठित सामाजिक एवं सांस्कृतिक संस्था आंध्रा एसोसिएशन, कदमा, जमशेदपुर अपने स्थापना के 100 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में शताब्दी वर्ष (1926–2026) का भव्य आयोजन कर रही है। इस ऐतिहासिक अवसर को यादगार बनाने के लिए संस्था द्वारा सांस्कृतिक, पारंपरिक और सामाजिक कार्यक्रमों की एक विस्तृत श्रृंखला आयोजित की जा रही है, जो इसके गौरवशाली इतिहास और समाज सेवा की विरासत को दर्शाएगी।
संस्था की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, कार्यक्रमों की शुरुआत 19 मार्च 2026 (गुरुवार) को ‘उगादी पंचांग श्रवणम्’ से होगी। यह आयोजन आंध्रा एसोसिएशन परिसर, कदमा में आयोजित किया जाएगा। उगादी, जो तेलुगु नववर्ष के रूप में मनाया जाता है, के पावन अवसर पर पारंपरिक पंचांग श्रवण कराया जाएगा। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में संस्था के ट्रस्टी श्री एम. भास्कर राव उपस्थित रहेंगे। कार्यक्रम में तेलुगु समुदाय के सदस्य बड़ी संख्या में भाग लेंगे और नववर्ष के सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक महत्व को साझा करेंगे।
दूसरा प्रमुख कार्यक्रम 22 मार्च 2026 (रविवार) को साकची स्थित राजेंद्र विद्यालय ऑडिटोरियम में आयोजित किया जाएगा। ‘सिने संगीत विभावरी’ नामक इस भव्य संगीत संध्या की शुरुआत शाम 6 बजे से होगी। इस कार्यक्रम में प्रसिद्ध कलाकार श्री बी. रमण मूर्ति एवं उनकी टीम (श्रीकाकुलम, आंध्र प्रदेश) प्रस्तुति देंगे। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि टाटा स्टील लिमिटेड के वाइस प्रेसिडेंट (कॉर्पोरेट सर्विसेज) श्री डी. बी. सुंदर रामन होंगे। यह संगीतमय शाम मधुर संगीत और लय के संगम से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर देगी।
शताब्दी समारोह के अंतर्गत तीसरा महत्वपूर्ण आयोजन 29 मार्च 2026 (रविवार) को आंध्रा एसोसिएशन परिसर, कदमा में ‘स्मारिका विमोचन’ के रूप में किया जाएगा। इस अवसर पर जमशेदपुर पश्चिम के विधायक श्री सरयू राय मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। इस स्मारिका में संस्था के 100 वर्षों की उपलब्धियों, सामाजिक योगदान, शैक्षणिक विकास और सांस्कृतिक गतिविधियों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया जाएगा।
आंध्रा एसोसिएशन पिछले एक शताब्दी से जमशेदपुर में सांस्कृतिक संरक्षण और शैक्षणिक उत्कृष्टता का प्रमुख केंद्र रहा है। संस्था ने अपने विभिन्न प्रयासों और संस्थानों के माध्यम से समाज के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
संस्था ने मीडिया प्रतिनिधियों और आम जनता से अपील की है कि वे इन कार्यक्रमों में शामिल होकर इस ऐतिहासिक शताब्दी समारोह के साक्षी बनें और इसकी गरिमा को बढ़ाएं।






