डीडी बार हिंसा मामले के बाद पुलिस महकमा अलर्ट, एडीजी मनोज कौशिक ने की कानून-व्यवस्था की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक
जमशेदपुर: बिष्टुपुर थाना क्षेत्र स्थित डीडी बार हिंसा मामले के बाद पूर्वी सिंहभूम जिले में कानून-व्यवस्था को और अधिक मजबूत एवं प्रभावी बनाए रखने के उद्देश्य से पुलिस महकमा पूरी तरह अलर्ट मोड में है। इसी क्रम में दिनांक 01 जुलाई 2026 को वरीय पुलिस अधीक्षक, पूर्वी सिंहभूम, जमशेदपुर के कार्यालय सभागार में एक महत्वपूर्ण उच्चस्तरीय समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता दक्षिण छोटानागपुर प्रक्षेत्र के अपर पुलिस महानिदेशक (एडीजी) मनोज कौशिक ने की। इस दौरान कोल्हान प्रक्षेत्र के पुलिस उप महानिरीक्षक (डीआईजी) की भी विशेष उपस्थिति रही।
बैठक में हाल ही में पूर्वी सिंहभूम के नवपदस्थापित वरीय पुलिस अधीक्षक, पुलिस अधीक्षक (नगर), पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण), जिले के सभी पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) तथा शहरी क्षेत्र के सभी थाना प्रभारी शामिल हुए। इस दौरान जिले की वर्तमान कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण, पुलिस की कार्यशैली तथा संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक का मुख्य केंद्र बिंदु बिष्टुपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत डीडी बार हिंसा प्रकरण रहा। इस घटना के बाद उत्पन्न परिस्थितियों, पुलिस द्वारा अब तक की गई कार्रवाई, अनुसंधान की प्रगति, शांति व्यवस्था बनाए रखने के प्रयास तथा भविष्य की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई। एडीजी मनोज कौशिक ने अधिकारियों से घटना से संबंधित प्रत्येक पहलू की जानकारी ली तथा अनुसंधान को पूरी निष्पक्षता, पारदर्शिता और त्वरित गति से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए।
बैठक के दौरान अधिकारियों ने जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों की स्थिति, अपराध के आंकड़ों, लंबित मामलों, गश्ती व्यवस्था, संवेदनशील इलाकों की निगरानी, असामाजिक तत्वों की गतिविधियों तथा पुलिस की तैयारियों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। इस दौरान अपराध नियंत्रण की दिशा में किए जा रहे प्रयासों की समीक्षा करते हुए आवश्यक सुधारात्मक सुझाव भी दिए गए।
एडीजी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि जिले में कानून-व्यवस्था किसी भी स्थिति में प्रभावित नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सभी थाना प्रभारी अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार सक्रिय रहें, नियमित गश्ती अभियान चलाएं तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करें। विशेष रूप से संवेदनशील एवं भीड़भाड़ वाले इलाकों, बाजारों, धार्मिक स्थलों और सार्वजनिक स्थानों पर पुलिस की उपस्थिति बढ़ाने के निर्देश दिए गए।
बैठक में पुलिस अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया गया कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर फैलने वाली अफवाहों, भ्रामक सूचनाओं एवं भड़काऊ पोस्टों पर विशेष नजर रखी जाए। साइबर सेल एवं स्थानीय पुलिस को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए ऐसी गतिविधियों पर तत्काल कार्रवाई करने को कहा गया ताकि किसी भी प्रकार की अफवाह या गलत सूचना से कानून-व्यवस्था प्रभावित न हो।
इसके अलावा सभी थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में शांति समिति के सदस्यों, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों एवं बुद्धिजीवियों के साथ लगातार संवाद बनाए रखने के निर्देश दिए गए। एडीजी ने कहा कि पुलिस और आम जनता के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर ही किसी भी संवेदनशील परिस्थिति का प्रभावी ढंग से सामना किया जा सकता है।
बैठक में अपराधियों के विरुद्ध सघन अभियान चलाने, वारंटियों एवं फरार आरोपियों की गिरफ्तारी में तेजी लाने, रात्रि गश्ती को और प्रभावी बनाने, वाहन जांच अभियान नियमित रूप से संचालित करने तथा असामाजिक तत्वों की गतिविधियों पर पैनी नजर रखने के निर्देश भी दिए गए।
महिला सुरक्षा, व्यापारिक प्रतिष्ठानों की सुरक्षा, सार्वजनिक आयोजनों के दौरान पुलिस की तैनाती, सीसीटीवी निगरानी व्यवस्था को मजबूत करने तथा आपातकालीन स्थिति में त्वरित पुलिस प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने पर भी विशेष चर्चा हुई। अधिकारियों को निर्देश दिया गया कि किसी भी सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए आम नागरिकों में सुरक्षा की भावना बनाए रखें।

बैठक के अंत में एडीजी मनोज कौशिक ने सभी पुलिस अधिकारियों को निष्पक्ष, संवेदनशील एवं जिम्मेदारीपूर्ण तरीके से कार्य करने की सलाह देते हुए कहा कि जनता का विश्वास पुलिस की सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया कि कानून का पालन पूरी सख्ती के साथ कराया जाए तथा किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधि या कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाए।
उच्चस्तरीय बैठक के माध्यम से पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट संकेत दिया है कि डीडी बार हिंसा मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है और जिले में शांति, सुरक्षा एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने, अपराध पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने तथा जिले में शांतिपूर्ण वातावरण बनाए रखने के लिए पुलिस पूरी तरह सतर्क और प्रतिबद्ध है।





