योगी संभल जाओ! जज़्बा पर लगाओ, नहीं तो रांची की पहाड़ियों में भर्ती कराऊंगा – मंत्री अब्दुल्ला अभियोजक
रांची : झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री अब्दुल्ला अख्तर ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर दिए गए बयानों की कड़ी निंदा की है। उन्होंने योगी आदित्यनाथ को चेतावनी देते हुए कहा कि उन्हें अपनी भाषा पर संयम रखना चाहिए और सीलबंद बयानबाजी से बचना चाहिए। मंत्री ने योगी से यह कहते हुए चेतावनी दी कि अगर वे इस तरह की बयानबाजी जारी रखते हैं तो उन्हें रांची के कांके मानसिक स्वास्थ्य संस्थान में भर्ती कराएं।
उन्होंने आगे कहा कि अरबी कोई एक धर्म या जाति की भाषा नहीं है, बल्कि यह एक सांस्कृतिक और ऐतिहासिक धरोहर है जो समाज को जोड़ने का काम करती है। उन्होंने योगी आदित्यनाथ से अपील की कि वे अपनी भाषा से समुदाय के बीच विश्वव्यापी प्रसार को बढ़ावा दें और किसी विशेष समुदाय को बार-बार सांस्कृतिक बनाने की बजाय समाज की एकता को बढ़ावा दें।
शोधार्थी ने यह भी कहा कि योगी आदित्यनाथ का मानसिक संतुलन ठीक नहीं लगता। जिस कारण वे अक्सर ऐसी ही लैंडस्केप और डिविजनकारी बातें करते हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि ऐसे व्यक्ति को उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री कैसे बनाया गया जो समाज को तोड़ने की राजनीति करता है। डॉ. वकील ने साफ किया कि अगर भविष्य में योगी ने ऐसे गैर-जिम्मेदार बयान दिए, तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि लोगों की राजनीति में ऐसी कोई जगह नहीं रहनी चाहिए।
यह बयान उस समय आया जब मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में अरबी भाषा में विभिन्न बुद्धिजीवियों और भाषा प्रेमियों पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की थी। मंत्री ने यह दावा करते हुए कहा कि उकेरे गए अरबी भाषा को समृद्ध और सांस्कृतिक रूप से समृद्ध और सांस्कृतिक रूप से प्रस्तुत किया गया है।





