इंतजार की इंतजार में टकटकी लगाए बैठी है: नसरीन बानो
जिसे 22 साल तक अपने घर पर परिवार की तरह रखा उसने ही उसे दगा दिया
जुगसलाई थाना स्थित पुरानी बस्ती तेल लाइन में रहने वाली नसरीन बानो ने बताया कि 22 वर्ष पूर्व से उनके पास उनकी आवास पर रह रही रशीदा खातून जो की विधवा एवं बहुत ही गरीब परिवार से थी नसरीन बानो का कहना है कि 2003 से वह महिला हमारे घर आना-जाना करती थी अलग हो चुकी थी रशीदा खातून 2007 से कोर्ट के कागज पर लिखवाकर उनके हमेशा के लिए रहने आ गई मानो उसके घर परिवार की पूरा मेंटेनेंस का खर्च अदा कर रही थी नसरीन बालों ने शादी नहीं की थी वह अपने घर पर अकेली ही रहती थी रशीदा खातून के बच्चे भी थे जो अपनी मां से मिलने यहां आया करते थे जिस पर नसरीन बानो को कोई आपत्ति नहीं हुआ करती थी, कुछ दिन पहले अचानक रशीदा खातून घर से गायब हो गई और घर से गहने और रुपए भी गायब है पूरे घर की जिम्मेवारी रशीदा पर ही थी सभी जगह की चाबी उसके पास रहती थी हमें उसे पर पूर्ण विश्वास था काफ़ी खोजबीन के बाद पता चला कि वह अपने घर गरीब कॉलोनी वापस चल गई है जब मैं वहां उसके घर यह पूछने गई कि मेरा सामान और गोदरेज का चाबी तो रशीदा खातून की बेटी- दामाद और रिश्तेदार ने मिलकर नसरीन बानो को डंडे लात घुसे से मारा जुगसलाई थाना को लिखित तौर पर दे दी गई है अभी तक कोई कार्रवाई का आश्वासन नहीं मिला है अभी कोई कार्रवाई हुई है प्रशासन से उम्मीद है कि उसके साथ इंसाफ और दोषियों को सख्त सख्त सजा मिले
बाईट – नसरीन बानो, पीड़ित महिला






