जमशेदपुर : गैंगस्टर अखिलेश सिंह के गुरु विक्रम शर्मा की देहरादून में हुई गोली मारकर हत्या मामले की जांच तेज हो गई है. देहरादून की पुलिस टीम जमशेदपुर पहुंच गई है. टीम की नजर में बागबेड़ा का विशाल सिंह, आकाश कुमार प्रसाद और जुगसलाई का आशुतोष है. तीनों का चेहरा ही सीसीटीवी फुटेज में नजर आया है. घटना के बाद से ही देहरादून की पुलिस जमशेदपुर पुलिस से सहयोग की आस लगाए हुए है. विक्रम शर्मा की हत्या की बात तो समझ में आती है, लेकिन लोगों के जेहन में यह बात तैर रहा है कि आखिर इसके पीछे का मास्टर माइंड कौन है?
अमरनाथ सिंह की हत्या में विशाल गया था जेल
आरोपी विशाल सिंह बागबेड़ा गाराबासा का रहने वाला है. वह गैंगस्टर अमरनाथ सिंह की हत्या में जेल गया था. अमरनाथ की हत्या साल 2023 में बाबाधाम में गोली मारकर कर दी गई थी. मामले में विशाल जमानत पर बाहर आया हुआ है.
परसुडीह के शराब कारोबारी की हत्या में आकाश गया था जेल
आकाश प्रसाद की बात करें तो वह परसुडीह थाना क्षेत्र के नामोटोला में शराब कारोबारी विजय साहू की हत्या मामले में अक्टूबर 2024 में जेल गया था. इसके अलावे भी उसपर कई आपराधिक मामले दर्ज हैं.
नीरज दुबे पर फायरिंग में आशुतोष गया था जेल
जुगसलाई के रहने वाले आशुतोष कुमार सिंह की बात करें तो वह 22 मई 2023 में नीरज दुबे पर फायरिंग मामले में जेल गया था. यह घटना टाटानगर रेलवे कार पार्किंग परिसर में घटी थी. सभी आरोपियों की उम्र 20 से लेकर 22 साल के बीच है.
विक्रम शर्मा कैसे बना था अखिलेश का गुरु
विक्रम शर्मा के बारे में बताया जाता है कि 1992 में वह जुडो-कराटे का प्रशिक्षण देने का काम करता था. यह काम वह सिदगोड़ा सिनेमा मैदान में ही करता था. इस बीच ही अखिलेश सिंह से उसकी मुलाकात हुई थी. इस दौरान ही दोनों के बीच घनिष्टता बढ़ी थी. तब दोनों ने संयुक्त रूप से ट्रांसपोर्ट व्यापार में अपना कदम रखा था. काबरा हत्याकांड में पहली बार विक्रम शर्मा का नाम सामने आया था. इसके बाद कई आपराधिक घटना में विक्रम शर्मा के साथ-साथ अखिलेश सिंह का भी नाम आने लगा था. जुडो-कराटे की मुलाकात से ही विक्रम शर्मा को अखिलेश गुरु के नाम से जाना जाने लगा था.
ये मामले हैं दर्ज
2004 में बिष्टुपुर में ट्रांसपोर्टर अशोक शर्मा की हत्या.
15 मार्च 2008 में साकची में रवि चौरसिया पर फायरिंग,
16 मई 2008 में साकची में आशीष डे के घर पर फायरिंग.
25 जुलाई 2008 में बिष्टूपुर में कांग्रेस नेता नट्टू झा के ऑफिस पर फायरिंग.
17 अगस्त 2008 में बर्मामाइंस में परमजीत के भाई सत्येंद्र के ससुराल में फायरिंग.
28 अगस्त 2008 में साकची में ठेकेदार रंजी पर हमला.
17 सितंबर 2008 साकची में परमजीत के बंदी वैन पर फायरिंग.
4 अक्टूबर 2008 में बिष्टूपुर बाग-ए-जमशेद के पास जयराम सिंह की हत्या.
शुक्रवार की सुबह सवा 10 बजे हुई थी हत्या
विक्रम शर्मा की हत्या शुक्रवार की सुबह सवा 10 बजे देहरादून के सिल्वर सिटी मॉल के नीचे सीढ़ियों पर गोली मारकर कर दी गई थी. घटना को अंजाम देने के लिए तीन बदमाश बाइक पर सवार होकर पहुंचे थे. इसमें से एक गोली विक्रम शर्मा के सिर पर लगी थी. सीसीटीवी फुटेज के माध्यम से तीनों शूटरों की पहचान बागबेड़ा के आकाश, विशाल और जुगसलाई का आशुतोष के रूप में की गई है.






