सारंडा सेंचुरी मामले की कल सुप्रीम कोर्ट में होगी सुनवाई,

चाईबासा। सुप्रीम कोर्ट में कल सारंडा वन्यजीव अभ्यारण्य मामले की सुनवाई होनी है । प्रभावित 56 गांवों में ग्रामसभा कर आर्थिक और सामाजिक आंकलन के आधार पर सरकार ने अपनी विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर ली है, जिसे 8 अक्टूबर को कोर्ट में प्रस्तुत किया जाएगा।

इस बीच भारत आदिवासी पार्टी के पश्चिमी सिंहभूम जिलाध्यक्ष सुशील बारला ने झारखंड सरकार से सवाल किया है कि सारंडा को वाइल्डलाइफ सेंचुरी घोषित करने को लेकर सरकार की नीति क्या है?

उन्होंने कहा कि सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि वह सरंडा को अभयारण्य बनाने के पक्ष में है या विरोध में। बारला ने कहा कि सारंडा एशिया का सबसे बड़ा ‘साल’ वृक्षों का वन क्षेत्र है, जो करीब 700 पहाड़ियों की श्रृंखला में फैला हुआ है।

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