पुलिस अधीक्षक अनिमेष मैथानी के प्रयास का दिया उदाहरण
रांची:ऑल इंडिया स्मॉल एंड मीडियम जर्नलिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन के राष्ट्रीय महासचिव और विभिन्न संस्थाओं से जुड़े सामाजिक कार्यकर्ता प्रीतम सिंह भाटिया ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पुलिस बल की कमी पर सुझाव दिया है.श्री भाटिया ने झारखंड पुलिस एसोसिएशन के अध्यक्ष राहुल मुर्मू के बयान को आधार बनाकर सोशल मीडिया पर सुझाव दिया है जिसमें राहुल मुर्मू ने लचर पुलिसिंग और पेट्रोलिंग के लिए बल की कमी को आधार बताया था.श्री मुर्मू ने नई बहाली पर सरकार का ध्यान आकर्षित करने का प्रयास किया है.इससे पहले भी राहुल मुर्मू ने राज्य में रसूखदारों के बॉडीगार्ड हटाकर थानों में रखने और 112 की पेट्रोलिंग गाड़ियों में बल और हथियार मुहैया कराने का सुझाव सरकार को दिया था.
सामाजिक कार्यकर्ता और पेशे से पत्रकारों प्रीतम भाटिया ने इस मुद्दे पर होमगार्ड,JAP और IRB जैसी रिजर्व पुलिस फोर्स को थानों और 112 पुलिस कंट्रोल गाड़ियों में इस्तेमाल करने का सुझाव दिया है.उन्होंने सरकार को नई बहाली होने तक इन रिज़र्व पुलिस फोर्स के इस्तेमाल का सुझाव दिया है.उन्होंने कहा कि राज्य में पुलिस बल कैम्प में रिजर्व करने के बजाय प्रभावशाली पुलिसिंग में इस्तेमाल होनी चाहिए.
इस मुद्दे पर प्रीतम भाटिया ने फेसबुक पर नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी को भी इस पर पहल करने का सुझाव दिया है कि आप इतने गंभीर मुद्दे पर कोई सुझाव या मांग क्यों नहीं करते.सूत्रों की माने तो इस मुद्दे को विधानसभा के मानसून सत्र में भी उठाने की अंदरूनी चर्चा चल रही है.खासकर पुलिस फोर्स के सामने चापड़बाजी का मामला राज्य में चारों ओर चर्चा में रहा जब जमशेदपुर में एक युवक को पेट्रोलिंग गाड़ी से उतारकर पुलिस के सामने मारा गया





