अदाणी सीमेंट ने धार्मिक अवसंरचना के लिए सबसे
बड़े राफ्ट फाउंडेशन का विश्व रिकॉर्ड बनाया*
24,000 घन मीटर ईकोमैक्सX लो-कार्बन कंक्रीट, 3,600 टन सीमेंट और 600 से अधिक कुशल श्रमिकों की मदद से 72 घंटे लगातार काम, 25+ आरएमएक्स प्लांट और 270 से अधिक ट्रांजिट मिक्सर का सहयोग
संपादक के लिए मुख्य बिंदु
* अदाणी कंक्रीट ने 72 घंटों में मेगा राफ्ट पोर सफलतापूर्वक पूरा किया और धार्मिक संरचना के लिए सबसे बड़े राफ्ट फाउंडेशन का विश्व रिकॉर्ड* बनाया।
* अदाणी सीमेंट ने वर्ल्ड वन टॉवर, जम्मू-कश्मीर का चिनाब रेलवे ब्रिज और अब उमिया धाम जैसे प्रतिष्ठित प्रोजेक्ट्स के साथ अपनी विरासत को और मजबूत किया।
अहमदाबाद, 17 सितंबर 2025: अदाणी सीमेंट ने अपने सहयोगी M/s PSP प्रोजेक्ट्स लिमिटेड के साथ अहमदाबाद के पास उमियाधाम में ऐतिहासिक इंजीनियरिंग उपलब्धि हासिल की है। यहाँ विश्व का सबसे बड़ा धार्मिक मंदिर राफ्ट फाउंडेशन कास्टिंग सफलतापूर्वक पूरा किया गया। यह रिकॉर्ड बनाने वाला कार्य अदाणी सीमेंट की अनोखी क्षमता को दर्शाता है—जहाँ विशाल स्तर की योजना, तकनीकी सटीकता और सतत नवाचार एक साथ आते हैं।
यह कार्य 72 घंटे लगातार चला, जिसमें 24,000 घन मीटर ईकोमैक्सX M45 ग्रेड लो-कार्बन कंक्रीट का इस्तेमाल हुआ। इसके लिए 25+ रेडी-मिक्स कंक्रीट (आरएमएक्स) प्लांट, 270+ ट्रांजिट मिक्सर, 3,600 टन उच्च गुणवत्ता वाला सीमेंट और 600 से अधिक श्रमिक व तकनीकी विशेषज्ञों ने दिन-रात काम किया।
पूरा संचालन इस तरह से योजनाबद्ध था कि ढलाई बिना रुके और बिना कोल्ड जॉइंट्स के पूरी हो सके। तापमान नियंत्रण और मिश्रण की गुणवत्ता लगातार बनाए रखी गई। ईकोमैक्सX कंक्रीट के इस्तेमाल से प्रोजेक्ट का कार्बन फुटप्रिंट 60% तक घटा।
अदाणी समूह के सीईओ – सीमेंट बिज़नेस, विनोद बाहेती ने कहा: “उमियाधाम 60 एकड़ में बनने वाला एक भव्य आध्यात्मिक केंद्र है, जिसमें लगभग ₹2,000 करोड़ का निवेश किया जा रहा है। हमारे साझेदार M/s PSP प्रोजेक्ट्स लिमिटेड और श्री प्रह्लादभाई एस. पटेल के सहयोग से यह काम केवल रिकॉर्ड बनाने के लिए नहीं, बल्कि अदाणी सीमेंट की गुणवत्ता, पैमाना, तेज़ी और उद्देश्य को दिखाने के लिए हो रहा है। हमारे चेयरमैन का मानना है कि यह सिर्फ़ इंजीनियरिंग का काम नहीं, बल्कि आस्था और आधुनिक ढांचे के बीच एक पुल है। उमियाधाम में सफल राफ्ट कास्टिंग इसका सजीव उदाहरण है—जहाँ आस्था से नवाचार को ताक़त मिलती है और नवाचार समाज को आगे बढ़ाता है। जब हम लोगों, तकनीक और टिकाऊ सामग्रियों को साथ लाते हैं, तो ऐसे समाधान बनते हैं जो पीढ़ियों तक चलते हैं और दुनिया के लिए नए मानक स्थापित करते हैं। हमारी ECOMaxX लो-कार्बन कंक्रीट ने इस निर्माण में कार्बन उत्सर्जन को 60% तक घटाया है, जो हमारी स्थिरता और उत्कृष्टता के संकल्प को दर्शाता है।”
विश्व उमिया फाउंडेशन के अध्यक्ष श्री आर.पी. पटेल ने कहा: “जगत जननी माँ उमिया (पार्वती) मंदिर का यह विश्व-रिकॉर्ड फाउंडेशन भारत की सांस्कृतिक और इंजीनियरिंग धरोहर के लिए गौरव का क्षण है। मेगा प्रोजेक्ट्स में अदाणी सीमेंट की विशेषज्ञता ने उन्हें हमारा स्वाभाविक साझेदार बनाया।”
आगामी 504 फीट ऊँचे जगत जननी माँ उमिया मंदिर (450 ft x 400 ft x 8 ft फाउंडेशन पर आधारित) में 1,551 धर्म स्तंभ होंगे। यह जसपुर में बनने वाले विशाल सामाजिक व सांस्कृतिक परिसर का आध्यात्मिक केंद्र होगा।
ईकोमैक्सX M45 मिश्रण में 66% सप्लीमेंटरी सीमेंटिशियस मटेरियल (SCM) शामिल है, जिससे कार्बन उत्सर्जन 60% तक कम हुआ। “कूलक्रीट” फार्मूले ने तापमान 28 डिग्री सेल्सियस से नीचे बनाए रखा, जिससे थर्मल तनाव कम हुआ। संरचना में लगे थर्मोकपल्स तापमान और मजबूती की रियल-टाइम निगरानी कर रहे हैं।
इस उपलब्धि को 1,000 से अधिक लोगों ने मौके पर और 10,000 से ज्यादा लोगों ने ऑनलाइन देखा। यह अडानी सीमेंट की भारत की इंजीनियरिंग और आध्यात्मिक यात्रा में बढ़ती भूमिका को दर्शाता है।
वर्ल्ड वन टॉवर से लेकर चिनाब रेलवे ब्रिज तक और अब उमिया धाम तक – अदाणी सीमेंट लगातार भारत के बुनियादी ढाँचे और रियल्टी सेक्टर में अहम भूमिका निभा रहा है।
यह उपलब्धि न केवल अदाणी सीमेंट की तकनीकी क्षमता को दर्शाती है, बल्कि सतत विकास और सांस्कृतिक धरोहर के प्रति उसकी प्रतिबद्धता को भी रेखांकित करती है।





