तुरामडीह माइंस हादसा : विधायक संजीव सरदार की पहल पर पीड़ित परिवार को मिलेगा 28 लाख मुआवजा और आश्रित को नौकरी
त्रिपक्षीय वार्ता में बनी सहमति, परिजनों का अनशन 3 दिन बाद टूटा
जमशेदपुर (पोटका) : 6 सितंबर 2025 को तुरामडीह माइंस में काम के दौरान ठेका कर्मी स्व. जयराम हांसदा की इलेक्ट्रिक शॉक से मौत हो गई थी। घटना के बाद से पिछले तीन दिनों से पीड़ित परिवार और ग्रामीण कंपनी गेट पर धरना-प्रदर्शन कर हड़ताल कर रहे थे।
विधायक संजीव सरदार निजी कारणों से राज्य से बाहर थे। लौटते ही उन्होंने मंगलवार को सीधे पीड़ित परिवार से मुलाकात की और आंदोलन स्थल पर जाकर स्थिति का जायजा लिया। तत्पश्चात विधायक संजीव सरदार की अध्यक्षता में पीड़ित परिवार, जिला प्रशासन और यूरेनियम कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (UCIL) प्रबंधन के बीच त्रिपक्षीय वार्ता हुई।
वार्ता के बाद सहमति बनी कि खान अधिनियम 1923 के तहत कंपनी पीड़ित परिवार को 20 लाख रुपये और संवेदक की ओर से 8 लाख रुपये मुआवजा दिया जाएगा। इसके अलावा, परिवार के एक आश्रित – सोमवारी हांसदा (आश्रित पत्नी) को UCIL में तीन महीने के भीतर स्थायी नौकरी प्रदान करने पर भी सहमति बनी। इस समझौते के बाद परिजनों ने अनशन समाप्त किया और कंपनी गेट जाम हटाया।
इस अवसर पर यूसिल के मनोज कुमार निदेशक तकनीकि, चंचल मन्ना महाप्रबंधक (खान), राकेश कुमार डीजीएम (कार्मिक) के साथ प्रशासनिक अधिकारी चंद्रजीत सिंह अनुमंडल पदाधिकारी, धालभूम, डीएसपी संदीप भगत, डीएसपी तौकीर आलम, मनोज कुमार, अंचल अधिकारी शामिल थे.
बैठक में आश्रित एवं अन्य लोग –
सोमवारी हांसदा (आश्रित पत्नी)
बाघराय मार्डी पूर्वी सिंघभूम जिला संयोजक प्रमुख झामुमो
बहादुर किसकू
महावीर मुर्मू
पालटन मुर्मू
रामचंद्रा मार्डी
जितराई हांसदा
सुधीर सोरेन
जीतेन हेंब्रम
चंद्रशेखर हांसदा
मंगल केराई
गणेश सरदार
बिल्टू हांसदा





