एसआईआर को लेकर उपायुक्त ने बीएलओ के साथ की ऑनलाइन समीक्षा बैठक, नजरी नक्शा के अनुसार परिवारवार विवरण एवं मकान संख्या का संधारण, सभी पात्र भारतीय नागरिकों को मतदाता सूची में शामिल कराने पर जोर

एसआईआर को लेकर उपायुक्त ने बीएलओ के साथ की ऑनलाइन समीक्षा बैठक, नजरी नक्शा के अनुसार परिवारवार विवरण एवं मकान संख्या का संधारण, सभी पात्र भारतीय नागरिकों को मतदाता सूची में शामिल कराने पर जोर
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विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के तहत मतदाता सूची से संबंधित कार्यों की समीक्षा को लेकर जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-उपायुक्त श्री राजीव रंजन ने बीएलओ के साथ ऑनलाइन समीक्षा बैठक की। बैठक में 44 बहरागोड़ा के (मतदान केन्द्र संख्या-78, 210, 211, 310), 45- घाटशिला के (मतदान केन्द्र संख्या-64, 74, 82), 46- पोटका (मतदान केन्द्र संख्या-67, 215, 370), 47- जुगसलाई (मतदान केन्द्र संख्या-197, 410, 200), 48-जमशेदपुर पूर्वी (मतदान केन्द्र संख्या-65, 126, 266) एवं 49- जमशेदपुर पश्चिमी (मतदान केन्द्र संख्या-416, 417) के बी.एल.ओ. से वार्तालाप की गई है।
बीएलओ द्वारा किए जा रहे क्षेत्रीय कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने आगामी गतिविधियों को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

उपायुक्त ने निर्देशित किया कि सभी बीएलओ अपने-अपने मतदान क्षेत्र का नजरी नक्शा तैयार कर उसके अनुसार घर-घर भ्रमण करें। नजरी नक्शा के आधार पर परिवारवार Family Grouping करते हुए प्रत्येक मकान का वास्तविक अथवा Notional House Number अंकित किया जाए, ताकि मतदान क्षेत्र के प्रत्येक परिवार एवं पात्र नागरिक का व्यवस्थित रूप से सत्यापन सुनिश्चित हो सके।

उन्होंने कहा कि बीएलओ नजरी नक्शा के अनुरूप अपने मतदान क्षेत्र में भ्रमण करते हुए प्रत्येक घर तक पहुंचें तथा भारत के सभी पात्र नागरिकों को मतदाता सूची में शामिल कराने की दिशा विभिन्न प्रपत्र जैसे फॉर्म 6, फॉर्म 8 प्राप्त करने में आवश्यक कार्रवाई करें। साथ ही, मतदाता सूची से संबंधित दावे एवं आपत्तियां भी निर्धारित प्रक्रिया के तहत प्राप्त की जाएं।

उपायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिया कि बीएलओ केवल निर्धारित स्थान पर बैठकर कार्य न करें, बल्कि अपने मतदान क्षेत्र में नियमित रूप से भ्रमण करते हुए घर-घर जाकर मतदाताओं से संपर्क स्थापित करें। उन्होंने सभी निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों एवं संबंधित पदाधिकारियों को बीएलओ के क्षेत्रीय भ्रमण एवं कार्यों की नियमित निगरानी करने तथा जहां आवश्यक हो, वहां बीएलओ को तकनीकी एवं प्रशासनिक सहयोग उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।

SIR के तहत प्रारूप मतदाता सूची के प्रकाशन के उपरांत दावा एवं आपत्ति की अवधि के दौरान नागरिक अपने नाम, विवरण अथवा मतदाता सूची से संबंधित किसी भी प्रकार की त्रुटि/आपत्ति के संबंध में निर्धारित प्रक्रिया के तहत दावा या आपत्ति प्रस्तुत कर सकते हैं। जिला प्रशासन द्वारा नागरिकों से अपील की गई है कि वे अपने एवं अपने परिवार के पात्र सदस्यों के नाम मतदाता सूची में दर्ज होने की जांच करें तथा आवश्यकता होने पर निर्धारित अवधि में दावा-आपत्ति प्रस्तुत करें।

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