पेट्रोल-डीजल की कीमतों में भारी बढ़ोतरी, जमशेदपुर में पेट्रोल 100 रुपये के पार
मिडिल ईस्ट तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल का असर, पेट्रोल पंपों पर बढ़ी भीड़
जमशेदपुर : देशभर में पेट्रोलियम कंपनियों द्वारा पेट्रोल और डीजल की कीमतों में अचानक 3-3 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी किए जाने के बाद आम लोगों की चिंता बढ़ गई है। झारखंड समेत पूरे देश में शुक्रवार सुबह छह बजे से नई दरें लागू कर दी गई हैं। जमशेदपुर में पेट्रोल की कीमत 97.86 रुपये प्रति लीटर से बढ़कर 100.86 रुपये प्रति लीटर हो गई है, जबकि डीजल की कीमत 92.62 रुपये से बढ़कर 95.76 रुपये प्रति लीटर पहुंच गई है। कीमतों में हुई इस वृद्धि का सीधा असर आम उपभोक्ताओं, परिवहन व्यवसाय और बाजार पर पड़ने लगा है।
पेट्रोल-डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी के पीछे अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में आई तेजी को मुख्य वजह बताया जा रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार मिडिल ईस्ट में जारी युद्ध और तनावपूर्ण हालात के कारण कच्चे तेल की सप्लाई प्रभावित हुई है, जिससे अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतों में लगातार उछाल देखने को मिल रहा है। इसका असर भारत समेत कई देशों के घरेलू बाजारों पर भी पड़ रहा है।
इधर, झारखंड की राजधानी रांची समेत राज्य के कई जिलों से पेट्रोल पंपों पर तेल खत्म होने की खबरें सामने आने लगी हैं। जमशेदपुर और आसपास के क्षेत्रों में भी पेट्रोल पंपों पर लोगों की लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। कई लोग पैनिक में जरूरत से ज्यादा पेट्रोल और डीजल खरीदते नजर आए। इससे कई पंपों पर अचानक दबाव बढ़ गया है और कुछ जगहों पर अस्थायी रूप से तेल की कमी की स्थिति बन गई है।
सूत्रों के मुताबिक रांची शहर में पेट्रोल और डीजल की प्रतिदिन लगभग एक लाख लीटर की सप्लाई कम हो रही है। इसी कारण कई पेट्रोल पंपों के ड्राई होने की स्थिति उत्पन्न हो रही है। सप्लाई चेन प्रभावित होने और बढ़ती मांग के कारण लोगों में तेल खत्म होने की आशंका और बढ़ गई है।
इस बीच कई इलाकों से अधिक कीमत पर पेट्रोल-डीजल बेचने की शिकायतें भी सामने आई हैं। उपभोक्ताओं का आरोप है कि कुछ स्थानों पर निर्धारित दर से अधिक कीमत वसूली जा रही है। हालांकि प्रशासन ने ऐसे मामलों पर नजर रखने और कार्रवाई करने की बात कही है।
वहीं पेट्रोल पंप एसोसिएशन और जिला प्रशासन ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि राज्य में पेट्रोल और डीजल की कोई वास्तविक कमी नहीं है। केवल अचानक बढ़ी मांग और लोगों द्वारा अतिरिक्त खरीदारी के कारण कुछ जगहों पर दबाव की स्थिति बनी है। प्रशासन ने लोगों से जरूरत के अनुसार ही तेल खरीदने की अपील की है ताकि सभी उपभोक्ताओं को पर्याप्त मात्रा में ईंधन उपलब्ध हो सके।
पेट्रोल-डीजल की कीमतों में वृद्धि का असर अब आम जीवन पर भी पड़ने लगा है। परिवहन किराया बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। ऑटो, बस और मालवाहक वाहन संचालकों ने भी संकेत दिए हैं कि ईंधन महंगा होने पर किराए में संशोधन करना पड़ सकता है। वहीं महंगाई बढ़ने की आशंका से आम लोगों की चिंता और बढ़ गई है।







